जुड़वा बहनों के बायोमीट्रिक ने सिस्टम को उलझाया, खास तकनीकी समाधान से बने दोनों पहचान पत्र...!
रामपुर की जुड़वा बहनें तुबा जुबैर और खिजरा जुबैर कई वर्षों तक बायोमीट्रिक सिस्टम की तकनीकी समस्या से परेशान रहीं। फिंगरप्रिंट और आंखों के बायोमीट्रिक डेटा में अत्यधिक समानता के कारण सिस्टम दूसरी बच्ची को अलग व्यक्ति के रूप में पहचान नहीं पा रहा था।एक बहन का पहचान पत्र बन गया, लेकिन दूसरी का आवेदन बार-बार डुप्लीकेट डेटा बताकर अटक जाता था। इससे स्कूल प्रवेश और सरकारी योजनाओं से जुड़े कामों में भी दिक्कतें आईं। परिवार ने स्थानीय स्तर पर कई प्रयास किए, लेकिन समाधान नहीं मिला। आखिरकार जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी की पहल पर यूआईडीएआई मुख्यालय, नई दिल्ली ने मामले के लिए विशेष तकनीकी समाधान निकाला। इसके बाद दोनों बहनों के अलग-अलग पहचान पत्र जारी हो सके।
संवाददाता सुहैल अहमद दिल्ली